मीना कुमारी, तन्हाई ने जिनकी ज़िंदगी निगल ली और फिर.., भाग-3

मीना कुमारी ने उस वक्त के मशहूर फिल्म निर्माता कमाल अमरोही के साथ शादी की थी। कमाल उनसे उम्र में 15 साल बड़े थे। शादी के बाद ही कमाल अमरोही की फिल्म ‘पाकिजा’ रिलीज हुई। ‘पाकिजा’ में मीना कुमारी के अभिनय को कभी भुलाया नहीं जा सकता। लेकिन आजाद खयालों की मीना का ये रिश्ता ज्यादा दिनों तक नही चल पाया और साल 1964 में वो कमाल अमरोही से अलग हो गईं।

इस रिश्ते के टूटने का मीना पर गहरा असर पड़ा। बताया जाता है कि मीना इस गम को भूलाने के लिए शराब के नशे में डूबी रहने लगीं। अत्यधिक शराब के सेवन से वो लिवर सिरोसिस की शिकार हो गई और फिल्म ‘पाकिजा’ के रिलीज के कुछ ही हफ्तों बाद 31 मार्च 1972 को 39 साल की उम्र में उनका देहांत हो गया।

एक बार सोहराब मोदी ने अपनी फिल्मी के प्रीमियर में मीना कुमारी और कमाल अमरोही को बुलाया। वहां चीफ गेस्ट महाराष्ट्र  के राज्यंपाल थे। उनसे परिचय कराते हुए सोहराब मोदी ने कहा – ये मीना कुमारी हैं। बेहतरीन अदाकारा। और ये इनके पति हैं कमाल अमरोही। इस पर कमाल तमतमा गए। उन्हों ने तपाक से जवाब दिया- मैं कमाल अमरोही हूं और ये मेरी पत्नी मीना कुमारी हैं। यह कह कर वह फंक्शंन से निकल गए।

मीना कुमारी की सफलता कमाल अमरोही को खटक रही थी। दोनों के बीच कड़वाहट इस कदर बढ़ गई कि अमरोही ने मीना कुमारी को फिल्मेंक छोड़ने के लिए कहा। लेकिन मीना ने इनकार कर दिया। तब कमाल ने शर्तें रखीं। कहा कि शूटिंग से शाम 6.30 बजे तक घर लौटना होगा, मेकअप रूम में मेकअपमैन के अलावा किसी की एंट्री नहीं होगी, सिर्फ अपनी कार में चलेंगी। मीना ने कमाल से प्यार के चलते ये शर्तें मान लीं। लेकिन दोनों के संबंध फिर भी नहीं सुधरे।

कमाल अमरोही जब ‘पाकीजा’ बना रहे थे, तब बुरी तरह आर्थिक संकट में फंस गए थे। मीना ने अपनी सारी कमाई देकर पति की मदद की। इसके बावजूद यह फिल्म बनने के दौरान दोनों के संबंध लगातार खराब हो गए। नौबत तलाक तक पहुंच गई थी। मीना कुमारी की तबीयत भी खराब रहने लगी थी। पैसे भी नहीं थे। शौहर भी नहीं। नींद-चैन गायब हो गया। कई बीमारियों ने शरीर में डेरा जमा लिया।

मीना कुमारी इतनी बीमार हो गईं कि उनका इलाज कर रहे डॉक्टीर ने सलाह दी कि नींद लाने के लिए एक पेग ब्रांडी पिया करें। डॉक्टर की यह सलाह भारी पड़ी। एक पेग, दो, तीन और चार होता गया। मीना कुमारी को शराब की लत लग गई। इस बीच ‘पाकीजा’ का निर्माण भी रुक गया।

‘पाकीजा’ कमाल अमरोही की महत्वाकांक्षी फिल्म थी, पर वह इसे आगे नहीं बढ़ा पा रहे थे। सालों बाद सुनील दत्त और नरगिस ने इसकी शूटिंग शुरू करवाई। इस बहाने तलाक के बाद पहली बार कमाल और मीना की मुलाकात हुई। इस मुलाकात में मीना कुमारी कमाल का हाथ पकड़ कर खूब रोई थीं।

‘पाकीजा’ की शूटिंग दोबारा शुरू हुई। 14 साल बाद 4 फरवरी, 1972 को फिल्म पर्दे पर आई। तब तक मीना मीना की हालत काफी बिगड़ गई थी। बीमारी की हालत में भी वह फिलमें कर रही थीं, लेकिन रोग असाध्यक हो गया था। अंतत: 31 मार्च 1972 को लिवर सिरोसिस के चलते मीना कुमारी ने दुनिया को अलविदा कह दिया और तमाम मुश्किलों से आजाद हो गईं।

मनोरंजन की ताज़ातरीन खबरों के लिए Gossipganj के साथ जुड़ें रहें और इस खबर को अपने दोस्तों के साथ शेयर करें और हमें twitter पर लेटेस्ट अपडेट के लिए फॉलो करें।

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like