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टिस्का चोपड़ा ने बताया डायरेक्टर लुंगी में तैयार बैठा मैं किसी तरह बच गई

टिस्का चोपड़ा आज अपना 45वां जन्मदिन मना रही हैं। बॉलीवुड में कई दमदार रोल निभा चुकीं टिस्का अपने कैरेक्टर रोल्स के लिए जानी जाती हैं। लेकिन फिल्मों में आने वाली तमाम अभिनेत्रियों की तरह उनके लिए भी चीज़ें आसान नहीं रही हैं। टिस्का चोपड़ा ने 90 के दशक के उस दौर में इंडस्ट्री में एंट्री की थी जब बॉलीवुड में महिलाओं के खिलाफ यौन उत्पीड़न की घटनाएं आम होती थीं।

टिस्का चोपड़ा ने बताया कि ‘मेरी पहली फिल्म रिलीज़ हुई थी और वो बुरी तरह फ्लॉप साबित हुई थी। इसके बाद मेरे पास काफी समय तक काम नहीं था। एक दिन अचानक मेरे पास एक बड़े प्रोड्यूसर-डायरेक्टर का फोन आया और उन्होंने मुझे फोन पर कहा कि तुम मुझसे मिलने आ जाओ, मैं अपनी नई फिल्म के लिए हीरोईन की तलाश में हूं। मैं उनसे मिली और उन्होंने मुझे बताया कि तुम्हें इस फिल्म के लिए मैनीक्योर पैडीक्योर कराना होगा। अपने आप को बेहतर करना होगा और अपने अंदर एक एक्स फैक्टर लाना होगा।’

टिस्का चोपड़ा ने कहा फिल्म की शूटिंग का कुछ हिस्सा पहले मुंबई में हुआ। इस शूट के दौरान सब कुछ अच्छे तरीके से निपट गया। इसके बाद आया आउटडोर शूट। टिस्का ने बताया कि ‘इसके बाद उन्होंने एक दिन कहा कि डिनर के समय मेरे कमरे में आना, हम स्क्रिप्ट के बारे में बात करेंगे। मैंने डायरेक्टर की बात सुनने के बाद मन ही मन सोचा कि कोई न कोई प्लान बनाना पड़ेगा। उसी दिन फिल्म के क्रू ने फैसला किया था कि बाहर घूमने चलेंगे। मैंने भी उनके साथ चलने के लिए हामी भर दी थी।

शाम को मैं शानदार चॉकलेट्स और बुके के साथ डिनर के समय डायरेक्टर के कमरे में पहुंची, उन्हें हग किया और कहा कि आपने मुझे शानदार तरीके से शूट किया है और मुझे अपनी फिल्म में रोल देने के लिए शुक्रिया। डायरेक्टर उस समय कुरते में और एक बेहद टाइट लुंगी में बैठा हुआ था, उसे भी विश्वास नहीं हो रहा था कि मैं इतनी आसानी से उसके पास चली आ रही हूं। लेकिन तभी थोड़ी देर में होटल का फोन बज गया। ये डायरेक्टर के बेटे का फोन था।

मैंने फोन उठाते हुए कहा कि हां, हां मैं अभी डायरेक्टर सर के कमरे में हूं और स्क्रिप्ट के बारे में बात कर आ रही हूं।  दरअसल मैंने होटल के स्टाफ को बोल दिया था कि मेरे कमरे में आने वाले सभी कॉल्स डायरेक्टर के कमरे में ट्रांसफर कर दिए जाएं। इसी वजह से मुझे फिल्म के क्रू के सभी कॉल्स डायरेक्टर के कमरे में आ रहे थे। लगातार 5-6 कॉल्स आने के बाद डायरेक्टर का ‘स्क्रिप्ट’ के बारे में बात करने का मन भी खत्म हो गया और मैं उस दिन अपने प्लान के चलते बच निकलीं। इसके बाद मैंने उस फिल्म की शूटिंग को पूरा कर लिया।’